
नई दिल्ली। सरकारी क्षेत्र की टेलीकॉम कंपनी भारत संचार निगम लिमिटेड(बीएसएनएल) से बीते सात महीनों में 55 लाख से अधिक नए ग्राहक जुड़े हैं, जिससे कंपनी के कुल सब्सक्राइबर्स की संख्या बढ़कर 9.1 करोड़ हो गई है। यह जानकारी सरकार द्वारा संसद में दी गई। केंद्रीय संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने गुरुवार को राज्यसभा को बताया कि जून 2024 से इस साल फरवरी तक बीएसएनएल के ग्राहकों की संख्या 8.55 करोड़ से बढ़कर 9.1 करोड़ हो गई है।
उन्होंने आगे कहा कि नरेंद्र मोदी सरकार की नीतियों के कारण सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनी 18 साल बाद अक्टूबर-दिसंबर तिमाही के दौरान मुनाफे में आ गई है।
सिंधिया ने आगे कहा कि बीएसएनएल देश भर के उन गांवों में 4जी मोबाइल सेवाओं को पहुंचाने के लिए महत्वपूर्ण परियोजना पर काम कर रहा है, जहां मोबाइल सेवाएं नहीं पहुंच पाई हैं। इस परियोजना को केंद्रीय मंत्रिमंडल ने मंजूरी दे दी है। इसकी कुल लागत 26,316 करोड़ रुपये है। इसमें मौजूदा 2जी बीटीएस को 4जी में अपग्रेड करना भी शामिल है।
इसके अलावा, बीएसएनएल एलडब्ल्यूई चरण-ढ्ढ योजना के तहत स्थापित मौजूदा 2,343 2जी बीटीएस को 2जी से 4जी में अपग्रेड करने का कार्य भी कर रहा है, जिसकी अनुमानित लागत 1,884.59 करोड़ रुपये है।
दूरसंचार क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की दिशा में हुई प्रगति का जिक्र करते हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि भारत 4जी नेटवर्क उपकरण बनाने वाला दुनिया का पांचवां देश बन गया है।
सिंधिया ने आगे कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दिशानिर्देशों के अनुरूप बीएसएनएल अपना 5जी नेटवर्क शुरू करने के लिए केवल स्वदेशी उपकरणों का उपयोग करेगा।
उन्होंने कहा कि बीएसएनएल एक लाख टावर लगाने का 4जी लक्ष्य पूरा करने के बाद 5जी का क्रियान्वयन शुरू करेगा। करीब 73,326 4जी टावर लग चुके हैं, जो कुल काम का करीब 73 प्रतिशत है। उन्होंने कहा कि बाकी काम भी जल्द ही पूरा हो जाएगा।
केंद्रीय मंत्री सिंधिया ने आगे कहा कि भारत में 5जी का क्रियान्वयन दुनिया में सबसे तेज रहा है और पिछले एक साल में 99 प्रतिशत जिलों और 82 प्रतिशत आबादी को कवर किया गया है।