रिपोर्ट: राहुल मिश्रा।
मिश्रिख। नगर में साफ-सफाई व्यवस्था बदहाल होने से गंदगी का संकट लगातार बढ़ता जा रहा है। कई बार समाचार प्रकाशित होने और स्थानीय लोगों द्वारा शिकायत किए जाने के बावजूद समस्या का प्रभावी समाधान नहीं होने से जनता में आक्रोश बढ़ रहा है।
मौसम में बदलाव के साथ ही नगर में मच्छरों का प्रकोप भी तेजी से बढ़ गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि रात के समय मच्छरों के कारण सोना तक मुश्किल हो गया है। गंदगी और जलभराव के बीच संक्रमणजनित बीमारियों के फैलने की आशंका भी बनी हुई है। लोगों को डर है कि यदि समय रहते सफाई और मच्छररोधी अभियान नहीं चलाया गया तो स्थिति और गंभीर हो सकती है।
नगरवासियों का आरोप है कि नगर पालिका को कई बार समस्या से अवगत कराया गया, लेकिन उनकी शिकायतें अभी तक जस की तस बनी हुई हैं। लोगों का सवाल है कि जब शासन स्तर से स्वच्छता और जनसमस्याओं के त्वरित निस्तारण के निर्देश हैं, तो स्थानीय स्तर पर उनका प्रभाव क्यों दिखाई नहीं दे रहा है।
स्थानीय नागरिकों ने जिलाधिकारी से मिश्रिख नगर की सफाई व्यवस्था का स्थलीय निरीक्षण कराने, मच्छररोधी अभियान चलाने तथा नगर पालिका की कार्यप्रणाली की जांच कर लापरवाही पाए जाने पर जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
जनता का कहना है कि चुनाव के समय जनप्रतिनिधि वोट मांगने के लिए घर-घर पहुंचते हैं, लेकिन समस्याओं के समय जनता की सुध लेने की जरूरत है। अब देखना होगा कि जिलाधिकारी इस मामले में क्या कार्रवाई करते हैं और मिश्रिख नगर को गंदगी एवं मच्छरों के प्रकोप से राहत कब मिलती है।


