•जिलाधिकारी आवास की भी हुई गणना, नागरिकों से सहयोग की अपील।
मथुरा। जनगणना-2027 के प्रथम चरण के अंतर्गत मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना का कार्य जनपद में तेजी से संचालित किया जा रहा है। यह अभियान 20 जून 2026 तक चलेगा, जिसके तहत नियुक्त प्रगणक घर-घर जाकर प्रत्येक मकान का विस्तृत विवरण संकलित करेंगे।
इस चरण में मकानों की नंबरिंग, भवन की स्थिति, उपलब्ध मूलभूत सुविधाओं तथा अन्य आवश्यक जानकारियों का संकलन किया जा रहा है। इसी क्रम में रविवार को जनगणना सहायक रूबी गौड़ एवं सुपरवाइजर अनिल कुमार द्वारा जिलाधिकारी आवास पर जनगणना एवं गणना का कार्य संपन्न कराया गया। जिलाधिकारी आवास को भी जनगणना मकान संख्या प्रदान की गई।
जनपद के विभिन्न शासकीय एवं सार्वजनिक स्थलों पर मकानों एवं भवनों की गणना तथा क्रमांकन की कार्यवाही लगातार जारी है। साथ ही, सुपरवाइजरों एवं प्रगणकों द्वारा स्वगणना के अंतर्गत भरे गए आंकड़ों की पुष्टि भी की जा रही है।
98 सेक्टर मजिस्ट्रेट और 9 जोनल मजिस्ट्रेट तैनात
जनगणना कार्य की निगरानी एवं समीक्षा के लिए जिले में 98 सेक्टर मजिस्ट्रेट एवं 9 जोनल मजिस्ट्रेट तैनात किए गए हैं। जिले में कुल 4773 मकान सूचीकरण ब्लॉक बनाए गए हैं। कार्य संपादन के लिए लगभग 4600 प्रगणक एवं 770 पर्यवेक्षक लगाए गए हैं।
जनगणना निदेशालय लखनऊ की ओर से श्री मृगेंद्र बहादुर सिंह को जिला प्रभारी तथा श्री अभिषेक पांडे को सह जिला प्रभारी नियुक्त किया गया है।
कोई भी घर गणना से न छूटे : जिलाधिकारी
जिलाधिकारी चंद्र प्रकाश सिंह ने सभी प्रगणकों एवं सुपरवाइजरों को निर्देश दिए हैं कि जनगणना कार्य को पूरी सावधानी, पारदर्शिता एवं उत्तरदायित्व के साथ संपन्न कराया जाए। उन्होंने कहा कि यह सुनिश्चित किया जाए कि कोई भी घर गणना से वंचित न रहे तथा किसी मकान का दोहराव न हो।
उन्होंने स्पष्ट किया कि यह प्रक्रिया केवल मकानों एवं उनमें उपलब्ध सुविधाओं के आंकड़ों के संकलन से संबंधित है।
जनगणना के आंकड़े विकास योजनाओं का आधार
जिलाधिकारी ने जनपदवासियों से अपील की है कि वे जनगणना कार्य में पूर्ण सहयोग करें और सही एवं पूर्ण जानकारी उपलब्ध कराएं। उन्होंने कहा कि जनगणना से प्राप्त आंकड़े भविष्य की विकास योजनाओं, आधारभूत सुविधाओं के विस्तार तथा जनकल्याणकारी नीतियों के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
