रिपोर्ट: विजय नागपाल।
मथुरा। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्लोक कुमार के निर्देशन में साइबर अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत मथुरा पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। राजस्थान और हरियाणा की सीमा से सटे क्षेत्रों में सक्रिय एक संगठित साइबर ठगी गिरोह के 42 सदस्यों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से 64 फर्जी (कूटरचित) आधार कार्ड, 9 फर्जी सिम कार्ड, 9 मोबाइल फोन तथा ठगी से अर्जित नकदी बरामद की गई है।



यह कार्रवाई थाना कोसीकलां, थाना बरसाना, थाना शेरगढ़ पुलिस तथा साइबर/सर्विलांस सेल की संयुक्त टीम ने की। पुलिस के अनुसार आरोपी देशभर के लोगों को फोन कॉल, फर्जी लिंक और ओटीपी के माध्यम से झांसे में लेकर उनके बैंक खातों से धनराशि अपने खातों में ट्रांसफर करा लेते थे।
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे फर्जी आधार कार्ड के आधार पर सिम कार्ड हासिल करते थे और लगातार मोबाइल नंबर बदलकर अपनी पहचान छिपाते हुए साइबर ठगी की वारदातों को अंजाम देते थे।
जांच में यह भी सामने आया है कि ठगी से अर्जित धन का बड़ा हिस्सा आरोपियों ने जमीन, मकान और महंगी गाड़ियों की खरीद में निवेश किया है। इसके अलावा राजस्थान और हरियाणा के विभिन्न जिलों में भी निवेश की जानकारी मिली है। पुलिस अब ठगी की रकम से अर्जित संपत्तियों की पहचान कर उन्हें जब्त करने की कार्रवाई की तैयारी कर रही है।
एसएसपी श्लोक कुमार ने बताया कि अभियान आगे भी जारी रहेगा। पुलिस संबंधित गांवों के युवाओं का विस्तृत रिकॉर्ड तैयार कर रही है, जिसमें उनकी संपत्तियों, आर्थिक गतिविधियों और आपराधिक इतिहास का सत्यापन किया जा रहा है। साथ ही अन्य राज्यों और विभिन्न थानों से भी आरोपियों के आपराधिक रिकॉर्ड की जानकारी जुटाई जा रही है, ताकि साइबर ठगी के पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जा सके।