•श्री भगवान परशुराम शोभायात्रा समिति एवं श्री वामन भगवान महोत्सव समिति के संयुक्त तत्वावधान में श्रद्धांजलि सभा आयोजित।
मथुरा। गौमाता के संरक्षण तथा यमुना मैया की अविरल धारा और स्वच्छता के लिए जीवनपर्यंत समर्पित रहे संत रमेश बाबा को स्वामी घाट स्थित यमुना मैया मंदिर पर आयोजित श्रद्धांजलि सभा में भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई। श्री भगवान परशुराम शोभायात्रा समिति एवं श्री वामन भगवान महोत्सव समिति (रजि.) के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित कार्यक्रम में संत रमेश बाबा के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उनके सेवा, समर्पण और संघर्षपूर्ण जीवन को नमन किया गया। श्री भगवान परशुराम शोभायात्रा समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष पंडित राम गोपाल शर्मा ने कहा कि संत रमेश बाबा ने गौमाता की रक्षा और सनातन संस्कृति के संरक्षण के लिए अपना जीवन समर्पित किया। गौसेवा के प्रति उनकी निष्ठा और यमुना मैया की अविरल धारा के लिए उनका संघर्ष समाज के लिए प्रेरणास्रोत है। उन्होंने कहा कि संत रमेश बाबा के आदर्शों को आत्मसात कर उनके सेवा कार्यों को आगे बढ़ाना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। श्री वामन भगवान महोत्सव समिति के
संस्थापक, श्याम शर्मा ने बताया कि संत रमेश बाबा का जीवन त्याग, तपस्या और जनसेवा का अनुपम उदाहरण रहा। उन्होंने गौमाता के संरक्षण और यमुना मैया की स्वच्छता के लिए निरंतर प्रयास किए। उनका समर्पण आने वाली पीढ़ियों को भी समाज और प्रकृति की सेवा के लिए प्रेरित करता रहेगा। उन्होंने कहा कि संत रमेश बाबा के विचारों को जन-जन तक पहुंचाना हम सभी का दायित्व है। श्री वामन भगवान महोत्सव समिति के संजय हरियाणा ने कहा कि संत रमेश बाबा ने गौसेवा और यमुना संरक्षण को जनआंदोलन का स्वरूप देने के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनका संघर्ष हमें सिखाता है कि धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक जिम्मेदारियों का निर्वहन भी आवश्यक है। उन्होंने कहा कि संत रमेश बाबा के बताए मार्ग पर चलते हुए गौमाता की रक्षा तथा यमुना मैया की स्वच्छता के लिए निरंतर प्रयास करना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। संचालन यमुना भक्त पंकज चतुर्वेदी ने किया।
इस अवसर पर श्रद्धांजलि सभा में बंसी लाल शर्मा आशीष शर्मा अजय शर्मा के के शर्मा ललित स्वामी सुनील शर्मा सर्वेश चतुर्वेदी लब्बू पंडित हरीश शर्मा शैलेश शर्मा आदि मौजूद थे


