•भूसा-चारा की उपलब्धता बनाए रखने के निर्देश, किसान कल्याण केंद्र में सप्ताह में दो दिन कर्मचारियों की उपस्थिति अनिवार्य।
केके मिश्रा, संवाददाता।
संत कबीर नगर। जिलाधिकारी आलोक कुमार ने विकासखंड सांथा अंतर्गत गो-आश्रय स्थल अमरहा का स्थलीय निरीक्षण कर गोवंशों के संरक्षण और गौशाला के सुचारू संचालन के लिए उपलब्ध व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने गोवंशों के लिए भूसा, चारा, दाना-चोकर, पानी सहित अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं पर्याप्त मात्रा में सुनिश्चित रखने के निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान गो-आश्रय स्थल में कुल 54 गोवंश संरक्षित पाए गए। गोवंशों की देखरेख के लिए दो केयरटेकर कार्यरत मिले। केयरटेकरों ने बताया कि उन्हें नियमित रूप से मानदेय मिल रहा है। गौशाला में सीसीटीवी कैमरे और विद्युत व्यवस्था भी ठीक पाई गई।
जिलाधिकारी ने गो-आश्रय स्थल के एप्रोच मार्ग को दुरुस्त कराने तथा परिसर में इंटरलॉकिंग कार्य कराने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए। साथ ही मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी और संबंधित खंड विकास अधिकारी को सभी गो-आश्रय स्थलों का नियमित रूप से रूटीन निरीक्षण करने के निर्देश दिए।
इसके बाद जिलाधिकारी ने गो-आश्रय स्थल के समीप निर्मित पंचायत भवन का निरीक्षण किया। पंचायत भवन क्रियाशील पाया गया। वहीं बगल में निर्मित किसान कल्याण केंद्र के निरीक्षण के दौरान कृषि विभाग का कोई कर्मचारी उपस्थित नहीं मिला।
इस पर जिलाधिकारी ने उप कृषि निदेशक को निर्देशित किया कि किसानों को कृषि संबंधी जानकारी और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए किसान कल्याण केंद्र पर सप्ताह में कम से कम दो दिन कृषि विभाग के कर्मचारी अनिवार्य रूप से उपस्थित रहें। साथ ही केंद्र में विद्युत कनेक्शन सुनिश्चित कराने के निर्देश भी दिए।
निरीक्षण के दौरान खंड विकास अधिकारी सांथा, ओएसडी राकेश कुमार, एडीओ पंचायत सहित संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।


