रिपोर्ट: राहुल मिश्रा।
सीतापुर। थानगांव थाना क्षेत्र की शंकरपुर चौकी पर तैनात एक दरोगा द्वारा चक्रवात में गिरे बबूल के पेड़ों की लकड़ी बैटरी रिक्शों से ले जा रहे किसान के दो रिक्शों का क्रमशः 15 हजार और 17 हजार रुपये का चालान किए जाने का मामला सामने आया है। किसान की शिकायत पर सेवता विधायक ज्ञान तिवारी ने थानगांव थाने पहुंचकर मामले में नाराजगी जताई और पुलिसकर्मियों को गरीबों के प्रति संवेदनशील रहने की हिदायत दी।
विधायक ज्ञान तिवारी के अनुसार, पीड़ित किसान ने उन्हें अपनी समस्या बताई तो उन्होंने तत्काल थानगांव थाने पहुंचकर थानााध्यक्ष से संबंधित दरोगा को बुलवाया। उन्होंने इस कार्रवाई पर कड़ी नाराजगी जताते हुए निर्देश दिया कि भविष्य में किसी गरीब किसान के साथ इस तरह की असंवेदनशीलता नहीं होनी चाहिए। साथ ही, उन्होंने दोनों चालानों की धनराशि संबंधित दरोगा द्वारा स्वयं वहन किए जाने की बात कही।
विधायक ने कहा कि बैटरी रिक्शे पर लकड़ी ढोना नियमों के अनुरूप नहीं है, लेकिन किसी भी मामले में मानवीय दृष्टिकोण की अनदेखी नहीं की जानी चाहिए। चक्रवात में फसल और पेड़ों को नुकसान झेल चुके किसान के लिए महंगी लोडिंग गाड़ी किराये पर लेना आसान नहीं है। ऐसे में उसकी आर्थिक स्थिति और परिस्थितियों को भी समझना जरूरी है।
उन्होंने कहा कि पुलिस का दायित्व कानून का पालन कराना है, लेकिन गरीबों, किसानों और प्राकृतिक आपदा से प्रभावित लोगों की समस्याओं को समझना भी आवश्यक है। कानून के साथ संवेदनशीलता और मानवता का परिचय देते हुए जरूरतमंदों की मदद की जानी चाहिए।
विधायक ज्ञान तिवारी ने कहा कि उनके क्षेत्र के गरीबों, किसानों और जरूरतमंदों का सम्मान एवं हित उनके लिए सर्वोपरि है। किसी भी व्यक्ति के साथ अन्याय या अनावश्यक उत्पीड़न स्वीकार नहीं किया जाएगा।


