कुदरहा, बस्ती। भूमि विवाद में मेहनौना गांव के अधेड़ की पीट कर हत्या के मामले में अपर पुलिस अधीक्षक के आश्वान पर मृतक का दूसरे दिन अंतिम संस्कार हुआ। सुबह से पुलिस व तहसील प्रशासन मृतक के स्वजन को मनाने में जुटी थी। मृतक लक्ष्मण निषाद के स्वजन आरोपित के इंकाउटर और घर पर बुलडोजर चलाने की जिद सहित अन्य मांगों पर अड़े थे ।
बीते सोमवार की रात मेहनौना गांव के लक्ष्मण निषाद (50)वर्ष की गांव के ही एक रिस्तेदार की मदद करने के शक में गांव के लाठी डंडे पीटकर घायल गंभीर रूप से घायल कर दिया गया था। एम्बुलेन्स से ईलाज के लिए सामुदायिक स्वस्थ्य केंद्र बनहरा ले जाते समय रास्ते में मृत्यु हो गई थी। दूसरे दिन शव का पोस्टमार्टम हुआ।
शव गांव पहुंचने पर मृतक के स्वजन अंतिम संस्कार करने से मना कर दिया। वह मुकदमें में नामजद सुधाकर पाल व सौरभ पाल की गिरफ्तारी की जिद पर अड़े गए। परिवार को एक करोड़ की आर्थिक मदद व आरोपितों के घर बुलडोजर चलाने की माग करने लगे। पुलिस व तहसील प्रशासन द्वारा काफी समझाने का प्रयास हुआ। लेकिन यह लोग तैयार नहीं हुए और शव लाकर घर पर रख दिया । जिसके बाद पुलिस प्रशासन के पाव फूलने लगे।
बुधवार सुबह क्षेत्राधिकारी रुधौली, एसडीएम सदर सहित अन्य अधिकारियों ने इन्हें मनाने का प्रयास किया। कुछ राजनीति लोग इसमें अड़गा खड़ा कर दे रहे थे ।दोपहर में अपर पुलिस अधीक्षक श्यामकांत परिवार को मनाने पहुंचे। उन्होने आरोपित के गिरफ्तारी का फोटो परिवार को दिखाया। इसके बाद सुरक्षा का भरोसा दिया।
मृतक की पत्नी सुभावती के कैंसर बीमारी के इलाज के लिए मुख्यमंत्री राहत कोष से व्यवस्था, परिवार को रोजगार व बेटियों की समूह विवाद से शादी व आर्थिक मदद के लिए पत्राचार करने का आश्वान दिया। तब जाकर परिवार के लोग तैयार हुए और पुलिस प्रशासन की उपस्थिती में मेहनौना घाट के मनोरमा नदी पर अंतिम संस्कार हुआ।