•अधिकारियों को सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक जनसुनवाई सुनिश्चित करने के निर्देश, लापरवाही पर होगी कार्रवाई।
•स्वयं सहायता समूह की प्रेरणा कैंटीन को अस्पतालों में भी शुरू कराने की तैयारी।
रिपोर्ट: विजय नागपाल।
मथुरा। जिलाधिकारी चंद्र प्रकाश सिंह ने राजीव भवन स्थित विभिन्न कार्यालयों एवं पटलों का औचक निरीक्षण कर प्रशासनिक व्यवस्थाओं, अभिलेखों के रख-रखाव और विभागीय कार्यों की प्रगति का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों एवं कर्मचारियों को कार्यालयों में साफ-सफाई, बेहतर कार्य संस्कृति और आमजन की समस्याओं का समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान मुख्य विकास अधिकारी डॉ. पूजा गुप्ता, परियोजना निदेशक डीआरडीए अरुण कुमार उपाध्याय, जिला विकास अधिकारी गरिमा खरे, जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी मोहित कुमार बघेल सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।
जिलाधिकारी ने मुख्य विकास अधिकारी, जिला पंचायत राज अधिकारी, जिला समाज कल्याण अधिकारी, जिला कार्यक्रम अधिकारी, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी, जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी, जिला दिव्यांगजन सशक्तिकरण अधिकारी, सहायक निदेशक मत्स्य, मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी, जिला विकास अधिकारी, सहायक आयुक्त एवं सहायक निबंधक सहकारिता, परियोजना निदेशक, जिला निर्वाचन कार्यालय, उपायुक्त श्रम रोजगार, उपायुक्त मनरेगा सहित विभिन्न विभागों के कार्यालयों का निरीक्षण किया।
इस दौरान उन्होंने संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों से विभागीय कार्यों की प्रगति और कार्यप्रणाली की जानकारी ली। जिलाधिकारी ने कार्यालयों में साफ-सफाई, अभिलेखों का सुव्यवस्थित रख-रखाव तथा बेहतर कार्यस्थल व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी अधिकारी एवं कर्मचारी अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी जिम्मेदारी, पारदर्शिता और समयबद्धता के साथ करें। कार्यालयों में आने वाले फरियादियों के साथ सम्मानजनक व्यवहार करते हुए उनकी समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर गुणवत्तापूर्ण निस्तारण किया जाए।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी अधिकारी प्रतिदिन सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक अपने कार्यालयों में उपस्थित रहकर जनसुनवाई सुनिश्चित करें। शासकीय कार्यों में लापरवाही अथवा अनावश्यक विलंब किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
उन्होंने राजीव भवन परिसर के कुछ हिस्सों में रंगाई-पुताई कराने, परिसर में स्थित पार्क को हरा-भरा बनाने तथा उसके चारों ओर रेलिंग लगवाने के निर्देश भी दिए। इसके साथ ही पुराने एवं जीर्ण-शीर्ण फर्नीचर को नियमानुसार निष्प्रयोज्य घोषित करने को कहा।
प्रेरणा कैंटीन को अस्पतालों में भी खोलने की तैयारी
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने राजीव भवन के मुख्य द्वार पर स्वयं सहायता समूह की महिलाओं द्वारा संचालित प्रेरणा कैंटीन में चाय पी और वहां उपलब्ध व्यंजनों की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि प्रेरणा कैंटीन में शुद्ध, स्वच्छ, पौष्टिक एवं घरेलू व्यंजन उपलब्ध हैं। यहां आमजन नाश्ता और भोजन भी कर सकते हैं।
उन्होंने बताया कि जनपद के सभी 10 विकासखंडों में इस प्रकार की प्रेरणा कैंटीन संचालित की जा रही हैं। इन कैंटीनों के माध्यम से स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को रोजगार और आय का अवसर मिल रहा है, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति एवं जीवन स्तर में सुधार हो रहा है।
जिलाधिकारी ने कहा कि प्रेरणा कैंटीन की व्यवस्था को मॉडल के रूप में लेते हुए जनपद के अस्पतालों में भी ऐसी कैंटीन खुलवाने की कार्यवाही की जाएगी, ताकि मरीजों और उनके तीमारदारों को स्वच्छ एवं पौष्टिक घरेलू भोजन उपलब्ध होने के साथ ही स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को रोजगार के नए अवसर मिल सकें।


