यमुना एक्सप्रेसवे पर परिवहन विभाग का बड़ा अभियान, 7 बसें सीज, 22 के चालान।

Spread the love

मथुरा। उत्तर प्रदेश शासन के निर्देशानुसार सड़क सुरक्षा एवं यातायात नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित कराने के उद्देश्य से मंगलवार को यमुना एक्सप्रेसवे स्थित मांट टोल प्लाजा पर परिवहन विभाग द्वारा वृहद एवं सघन चेकिंग अभियान चलाया गया। अभियान का उद्देश्य यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना तथा अनधिकृत एवं अनफिट वाहनों के संचालन पर प्रभावी अंकुश लगाना था।

अभियान में एआरटीओ राजेश राजपूत, एआरटीओ सतेंद्र कुमार सिंह, यात्री कर अधिकारी (पीटीओ) संदीप चौधरी एवं पूजा सिंह सहित परिवहन विभाग की संयुक्त टीम ने दिल्ली-आगरा एवं आगरा-दिल्ली मार्ग पर संचालित बसों की गहन जांच की।

चेकिंग के दौरान बसों की फिटनेस, परमिट, ओवरलोडिंग, रिफ्लेक्टर तथा आपातकालीन निकास द्वार (इमरजेंसी एग्जिट) सहित अन्य सुरक्षा मानकों की जांच की गई। जांच में सात बसें निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं पाई गईं। इनमें सुरक्षा मानकों की गंभीर अनदेखी एवं आवश्यक दस्तावेजों की कमी मिलने पर उन्हें तत्काल प्रभाव से सीज कर जनपद के विभिन्न थानों में निरुद्ध कराया गया।

इसके अलावा, यातायात नियमों का उल्लंघन, निर्धारित क्षमता से अधिक सवारी बैठाने तथा अन्य तकनीकी कमियां पाए जाने पर 22 बसों के विरुद्ध चालान की कार्रवाई की गई।

एआरटीओ राजेश राजपूत ने बताया कि शासन की प्राथमिकता एक्सप्रेसवे पर यात्रियों को सुरक्षित यात्रा उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि डग्गामार एवं अनफिट वाहन न केवल राजस्व की हानि पहुंचाते हैं, बल्कि यात्रियों के जीवन को भी खतरे में डालते हैं। ऐसे मानक विहीन वाहनों के विरुद्ध विभाग की ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति आगे भी जारी रहेगी तथा आने वाले दिनों में चेकिंग अभियान और अधिक सख्ती से चलाया जाएगा।

परिवहन विभाग की इस कार्रवाई से एक्सप्रेसवे पर अवैध रूप से संचालित वाहन चालकों एवं डग्गामार बस संचालकों में हड़कंप मच गया। विभाग ने सभी वाहन स्वामियों को चेतावनी दी है कि वे अपने वाहनों का संचालन शासन द्वारा निर्धारित सुरक्षा मानकों के अनुरूप ही करें, अन्यथा उनके विरुद्ध और भी कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *