•मिशन शक्ति फेज-5 के तहत बेसिक शिक्षा विभाग की पहल, छात्रा को स्मृति चिह्न और उपहार देकर किया सम्मानित।
रिपोर्ट: विजय नागपाल।
मथुरा। मिशन शक्ति विशेष अभियान फेज-5 के तहत बेटियों का आत्मविश्वास बढ़ाने और उन्हें भविष्य में उच्च पदों पर पहुंचने के लिए प्रेरित करने के उद्देश्य से बेसिक शिक्षा विभाग ने अनूठी पहल की। उच्च प्राथमिक विद्यालय, ढोली प्याऊ की कक्षा आठ की मेधावी छात्रा तनिशा को एक दिन के लिए बेसिक शिक्षा अधिकारी (बीएसए) बनाया गया।
बीएसए रतन कीर्ति ने छात्रा तनिशा को अपनी कुर्सी पर बैठाकर अधिकारी की जिम्मेदारी सौंपी। एक दिन की बीएसए बनी तनिशा ने कार्यालय में बैठकर विभागीय कार्यों को समझा और फाइलों पर हस्ताक्षर भी किए। इस पहल से छात्रा में खासा उत्साह देखने को मिला।
बीएसए रतन कीर्ति ने कहा कि कार्यक्रम का उद्देश्य सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाली छात्राओं का मनोबल बढ़ाना और उन्हें बड़े सपने देखने के लिए प्रेरित करना है। उनकी इच्छा है कि सरकारी विद्यालयों के बच्चे पढ़-लिखकर अधिकारी बनें और जिले व प्रदेश का नाम रोशन करें।
उन्होंने कहा कि बच्चों के भविष्य को संवारने में शिक्षकों की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है। वह स्वयं भी समय-समय पर विद्यालयों में जाकर बच्चों को पढ़ाती हैं, ताकि विद्यार्थियों और शिक्षकों का उत्साह बढ़े। सरकारी स्कूलों के प्रति अभिभावकों का बढ़ता भरोसा भी गर्व की बात है।
कार्यक्रम के अंत में विभागीय अधिकारियों ने एक दिन की बीएसए तनिशा को स्मृति चिह्न और उपहार देकर सम्मानित किया। अधिकारियों ने उसके उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए पढ़ाई में निरंतर आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया।


