मथुरा। जिला कृषि अधिकारी आवेश कुमार सिंह ने जनपद के सभी फुटकर उर्वरक विक्रेताओं को शासन द्वारा निर्धारित मात्रा के अनुसार ही किसानों को यूरिया एवं डीएपी की बिक्री करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि निर्धारित सीमा से अधिक उर्वरक की बिक्री करना उर्वरक (अकार्बनिक, कार्बनिक या मिश्रित) (नियंत्रण) आदेश, 1985 के प्रावधानों का उल्लंघन है।
जिला कृषि अधिकारी ने बताया कि शासन स्तर से अधिकतम एक हेक्टेयर भूमि पर किसान को 07 बैग यूरिया और 05 बैग डीएपी की बिक्री निर्धारित की गई है। यह अधिकतम सीमा है। इससे अधिक मात्रा में किसी किसान को उर्वरक की बिक्री नहीं की जा सकती।
उन्होंने कहा कि बाजरा, धान, तिलहन एवं दलहनी फसलों में फसलवार संस्तुत मात्रा के अनुसार सामान्यतः 04 से 05 बैग यूरिया तथा 02 से 03 बैग डीएपी ही किसान को दिया जाना चाहिए। आरोप है कि कुछ विक्रेताओं द्वारा फसल की संस्तुत मात्रा का अवलोकन किए बिना अधिकतम निर्धारित सीमा यानी 07 बैग यूरिया एवं 05 बैग डीएपी के आधार पर बिक्री की जा रही है।
फसल की जानकारी लेकर ही करें बिक्री
जिला कृषि अधिकारी ने सभी फुटकर विक्रेताओं को निर्देशित किया कि किसान के उर्वरक खरीदने के लिए दुकान पर पहुंचने पर सबसे पहले यह जानकारी ली जाए कि उसने कौन सी फसल बोई है। दुकानों पर फसलवार उर्वरक की संस्तुत मात्रा संबंधी बैनर लगाए गए हैं। विक्रेताओं को बैनर में अंकित मात्रा के अनुसार ही यूरिया एवं डीएपी की बिक्री करने के निर्देश दिए गए हैं। इसमें किसी प्रकार की शिथिलता न बरतने की चेतावनी दी गई है।
चार विक्रेताओं के लाइसेंस निलंबित
अधिक मात्रा में यूरिया की बिक्री के मामले में विभाग ने चार उर्वरक विक्रेताओं के लाइसेंस निलंबित किए हैं। इनमें—
- मैसर्स अनन्त खाद बीज भण्डार, बठैनकला
- मैसर्स कुनाल खाद बीज भण्डार, शेरगढ़
- मैसर्स बबलू खाद बीज भण्डार, छाता
- मैसर्स पटेल खाद बीज भण्डार, छाता
सात विक्रेताओं को कारण बताओ नोटिस
विभाग द्वारा सात उर्वरक विक्रेताओं को कारण बताओ नोटिस भी जारी किए गए हैं। इनमें—
- सहकारी समिति, राया, मथुरा
- सहकारी समिति, औरंगाबाद
- सहकारी समिति, शेरनी राया
- मैसर्स रोहित खाद भण्डार, हरनौल
- आईएफएफडीसी, राल
- मैसर्स आईएफएफडीसी, दतिया
- आईएफएफडीसी, खुर्रम
बिना एफआईडी, खतौनी और आधार के खाद न खरीदें
जिला कृषि अधिकारी ने जनपद के किसानों से अपील की है कि सहकारी अथवा निजी उर्वरक बिक्री केंद्र पर यदि कोई विक्रेता एफआईडी/नकल खतौनी, आधार कार्ड तथा पीओएस मशीन पर अंगूठा लगवाए बिना उर्वरक की बोरी बेचता है तो इसकी तत्काल सूचना जिला कृषि अधिकारी के मोबाइल नंबर 8273893015 पर दें। ऐसे विक्रेताओं के विरुद्ध उर्वरक नियंत्रण आदेश, 1985 के प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने किसानों से कहा कि पीओएस मशीन पर अंगूठा लगाने, बिक्री रजिस्टर में अपना नाम दर्ज कराने तथा हस्ताक्षर करने के बाद ही उर्वरक प्राप्त करें। यदि कोई विक्रेता बिना अंगूठा लगवाए उर्वरक की बिक्री करता है तो किसान तत्काल इसकी सूचना विभाग को दें और ऐसे उर्वरक की गुणवत्ता को लेकर भी सावधानी बरतें।


