मथुरा। मथुरा रिफाइनरी की अध्यक्षता में संचालित नगर राजभाषा कार्यान्वयन समिति (नराकास), मथुरा को राजभाषा हिंदी के प्रचार-प्रसार, प्रभावी कार्यान्वयन तथा उत्कृष्ट राजभाषा गतिविधियों के लिए राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिष्ठित “नराकास प्रोत्साहन पुरस्कार” से सम्मानित किया गया है। नराकास, मथुरा को वर्ष 2025-26 के लिए “उत्कृष्ट श्रेणी” में यह सम्मान प्रदान किया गया।
यह गौरवपूर्ण सम्मान 14-15 सितंबर 2026 को नवी मुंबई में आयोजित हिंदी दिवस समारोह एवं छठवें अखिल भारतीय राजभाषा सम्मेलन के दौरान गृह मंत्रालय, राजभाषा विभाग, भारत सरकार द्वारा प्रदान किया गया। श्रीमती अंशुली आर्या, सचिव, राजभाषा विभाग के कर-कमलों द्वारा यह पुरस्कार प्रदान किया गया। नराकास, मथुरा की ओर से यह प्रतिष्ठित पुरस्कार श्री विवेक शर्मा, वरिष्ठ प्रबंधक (सीसी एवं सीएसआर), मथुरा रिफाइनरी ने ग्रहण किया।
देशभर में वर्तमान में कुल 592 नराकास समितियां कार्यरत हैं। इनमें से वर्ष 2025-26 के दौरान राजभाषा हिंदी के प्रचार-प्रसार एवं कार्यालयीन कार्यों में हिंदी के सर्वश्रेष्ठ एवं प्रभावी कार्यान्वयन के लिए उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली नराकास समितियों का चयन कर उन्हें “नराकास प्रोत्साहन पुरस्कार” प्रदान किया गया। ऐसे में राष्ट्रीय स्तर पर नराकास, मथुरा का “उत्कृष्ट श्रेणी” में चयन होना समिति की कार्यप्रणाली एवं उसके सदस्य कार्यालयों द्वारा राजभाषा के क्षेत्र में किए जा रहे सतत एवं समन्वित प्रयासों की महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
नराकास, मथुरा की इस उपलब्धि में समिति के सभी सदस्य कार्यालयों की सक्रिय सहभागिता एवं सहयोग की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। समिति द्वारा समय-समय पर राजभाषा हिंदी के प्रयोग को बढ़ावा देने, हिंदी में कार्य करने के लिए प्रेरित करने, हिंदी कार्यशालाओं, प्रतियोगिताओं, संगोष्ठियों एवं विभिन्न राजभाषा गतिविधियों का आयोजन किया जाता रहा है। इन प्रयासों के माध्यम से सदस्य कार्यालयों में हिंदी के प्रति सकारात्मक वातावरण तैयार करने तथा दैनिक कार्यालयीन कार्यों में हिंदी के अधिकाधिक प्रयोग को प्रोत्साहित किया जा रहा है।
इस मौके पर, श्री मुकुल अग्रवाल, अध्यक्ष, नराकास मथुरा एवं कार्यकारी निदेशक व रिफाइनरी प्रमुख ने अपनी शुभकामनाएं दीं और टीम को ऐसे और भी मील के पत्थर हासिल करने के लिए प्रेरित किया।
उल्लेखनीय है कि मथुरा रिफाइनरी द्वारा वर्ष 1985 से नराकास, मथुरा की अध्यक्षता की जा रही है। वर्तमान में नराकास, मथुरा के अंतर्गत कुल 42 सदस्य कार्यालय कार्यरत हैं। समिति द्वारा सभी सदस्य कार्यालयों के मध्य बेहतर समन्वय स्थापित करते हुए राजभाषा नीति के प्रभावी अनुपालन तथा हिंदी के प्रगतिशील प्रयोग को बढ़ावा देने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं।


