•चांदी का रथ, चार पलंग और सिंहासन गायब होने का आरोप; सीबीआई या एसआईटी जांच कराने की उठी मांग।
रिपोर्ट: विजय नागपाल।
वृंदावन। श्री बांके बिहारी मंदिर से भगवान के उपयोग में आने वाले चांदी के रथ सहित अन्य कीमती सामान गायब होने का मामला सामने आने का दावा किया गया है। इस संबंध में संत फलाहारी महाराज ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र भेजकर पूरे प्रकरण की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है। उन्होंने कहा कि इस घटना से साधु-संत समाज और करोड़ों सनातनी श्रद्धालुओं की धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं।
फलाहारी महाराज के अनुसार, ठाकुर श्री बांके बिहारी जी की रथयात्रा में पिछले लगभग 20 वर्षों से भगवान को चांदी के रथ पर विराजमान कर श्रद्धालुओं को दर्शन कराए जाते थे, लेकिन इस वर्ष वह रथ उपलब्ध नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि मंदिर से चांदी का रथ, चांदी का सिंहासन, चांदी के चार पलंग तथा अन्य बहुमूल्य सामान गायब हो गए हैं।
उन्होंने कहा कि देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालु भगवान की सेवा के लिए सोने-चांदी के आभूषण और अन्य बहुमूल्य वस्तुएं श्रद्धापूर्वक दान करते हैं। श्रद्धालुओं की इच्छा होती है कि उनके द्वारा अर्पित सामग्री भगवान की सेवा और उपयोग में आए, लेकिन यदि वही सामान धीरे-धीरे गायब हो रहा है तो यह अत्यंत गंभीर विषय है।
फलाहारी महाराज ने यह भी आरोप लगाया कि इससे पहले भी मंदिर के खजाने से संबंधित मामले सामने आ चुके हैं और अब भगवान के उपयोग की वस्तुएं भी गायब होने की बातें सामने आ रही हैं। उन्होंने मांग की कि पिछले कई वर्षों के सीसीटीवी फुटेज की गहन जांच कराई जाए, जिससे यदि किसी प्रकार की अनियमितता या चोरी हुई है तो दोषियों की पहचान की जा सके।
उन्होंने मुख्यमंत्री से पूरे मामले की सीबीआई या एसआईटी जैसी स्वतंत्र जांच एजेंसी से निष्पक्ष जांच कराने तथा दोषियों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करने की मांग की है। फलाहारी महाराज ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ही इस मामले में निष्पक्ष जांच कराकर श्रद्धालुओं का विश्वास कायम कर सकते हैं।
