लखनऊ। पशुधन एवं दुग्ध विकास मंत्री धर्मपाल सिंह ने विधानसभा स्थित अपने कार्यालय कक्ष में विभागीय योजनाओं और कार्यक्रमों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को पशुओं के टीकाकरण की भारत पशुधन ऐप पर समयबद्ध फीडिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इससे टीकाकरण की प्रगति की रियल टाइम निगरानी, पशुओं का डिजिटल रिकॉर्ड और अभियानों की प्रभावी मॉनिटरिंग सुनिश्चित हो सकेगी। धर्मपाल सिंह ने गोशालाओं में पशुओं के लिए चारा, पानी, साफ-सफाई, प्रकाश और जल निकासी समेत सभी जरूरी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
उन्होंने गोशालाओं तक आने-जाने वाले रास्तों को भी दुरुस्त कराने को कहा, ताकि पशुओं की देखभाल और विभागीय गतिविधियों में किसी प्रकार की असुविधा न हो। उन्होंने गोशालाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए उपलब्ध संसाधनों के बेहतर उपयोग और स्थानीय स्तर पर आय के स्रोत विकसित करने पर जोर दिया। दीपावली के मद्देनजर गोशालाओं में गोबर से दीये, मूर्तियां और अन्य उपयोगी सामग्री तैयार कराने तथा इनके बेहतर विपणन की व्यवस्था करने के निर्देश दिए, जिससे गोशालाओं को अतिरिक्त आय प्राप्त हो सके।
मंत्री ने नस्ल सुधार कार्यक्रम में तेजी लाने के निर्देश देते हुए कहा कि उन्नत पशु नस्लों के माध्यम से पशुपालकों की आय बढ़ाने के लिए योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने विभागीय योजनाओं का लाभ पात्र पशुपालकों तक पहुंचाने के साथ उनकी नियमित समीक्षा और प्रभावी मॉनिटरिंग पर भी जोर दिया।
उन्होंने कहा कि शासन की प्राथमिकताओं के अनुरूप सभी कार्यक्रमों में गुणवत्ता, पारदर्शिता और समयबद्धता का विशेष ध्यान रखा जाए।धर्मपाल सिंह ने दुग्ध विकास विभाग को 25 हजार दुग्ध समितियों के गठन का लक्ष्य जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि समितियों के गठन की प्रक्रिया में तेजी लाकर अधिक से अधिक दुग्ध उत्पादकों को इनसे जोड़ा जाए।
समितियों के गठन और संचालन की नियमित समीक्षा करते हुए निर्धारित लक्ष्य की शत-प्रतिशत पूर्ति सुनिश्चित की जाए और दुग्ध उत्पादकों को योजनाओं तथा दुग्ध विपणन से संबंधित सुविधाओं का समुचित लाभ दिलाया जाए।राज्यमंत्री कृष्णा पासवान ने बैठक में कहा कि टीकाकरण एवं पशु स्वास्थ्य से संबंधित अभियानों का लाभ अधिक से अधिक पशुपालकों तक पहुंचाया जाए।
उन्होंने गोशालाओं में पशुओं की समुचित देखभाल, स्वच्छता और आवश्यक व्यवस्थाओं पर विशेष ध्यान देने के साथ उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के लिए स्थानीय स्तर पर रोजगार और आय के अवसर विकसित करने पर जोर दिया।अपर मुख्य सचिव पशुधन एवं दुग्ध विकास विभाग मुकेश कुमार मेश्राम ने मंत्री के निर्देशों का अनुपालन सुनिश्चित कराने के लिए अधिकारियों को जरूरी निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि टीकाकरण कार्य में भारत पशुधन ऐप पर समयबद्ध फीडिंग, जियो-टैगिंग और आवश्यक फोटो अपलोडिंग सुनिश्चित कराई जाएगी। गोशालाओं में मूलभूत सुविधाओं की नियमित समीक्षा करते हुए उन्हें व्यवस्थित और आत्मनिर्भर बनाने के लिए निर्धारित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा कराया जाएगा।
बैठक में दुग्ध विकास विभाग के विशेष सचिव राम सहाय यादव, पशुपालन निदेशालय के निदेशक (रोग नियंत्रण एवं प्रक्षेत्र) डॉ. संगीता तिवारी, निदेशक प्रशासन एवं विकास डॉ. राजेंद्र प्रसाद समेत पीसीडीएफ और शासन के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।


