•राहत शिविरों में ग्रामीणों को मिल रहीं मूलभूत सुविधाएं, पशुओं के लिए चारा व स्वास्थ्य जांच की व्यवस्था
के.के. मिश्रा, संवाददाता
संत कबीर नगर, 31 अगस्त। जिलाधिकारी आलोक कुमार के निर्देश एवं अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) सत्य प्रकाश के कुशल मार्गदर्शन में धनघटा तहसील क्षेत्र में बाढ़ से सुरक्षा एवं बचाव के लिए तहसील प्रशासन तथा संबंधित विभागों द्वारा लगातार निगरानी की जा रही है। संभावित आपदा से निपटने के लिए आवश्यक सभी व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं।





संभावित बाढ़ प्रभावित ग्राम ढोलबजा, सीयरकला सहित अन्य संवेदनशील क्षेत्रों में प्रशासन द्वारा विशेष सतर्कता बरती जा रही है। बाढ़ राहत शिविरों के माध्यम से ग्रामीणों को आवश्यक मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। पशुपालकों के पशुओं की स्वास्थ्य जांच के साथ-साथ चारा, भूसा एवं दाना आदि की भी व्यवस्था की गई है।
ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर स्वास्थ्य टीमों द्वारा शिविर लगाकर लोगों की जांच एवं उपचार किया जा रहा है। वहीं गांवों में विद्युत आपूर्ति भी पर्याप्त रूप से सुनिश्चित की जा रही है।
उप जिलाधिकारी धनघटा द्वारा अपनी टीम के साथ प्रतिदिन तटबंधों का निरीक्षण किया जा रहा है। प्रशासन के अनुसार वर्तमान में तटबंधों की स्थिति सामान्य है और किसी प्रकार की समस्या नहीं है। इसके बावजूद संभावित परिस्थितियों को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह सतर्क है।
जिला प्रशासन एवं स्थानीय तहसील प्रशासन ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के ग्रामीणों से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार की भ्रामक अथवा अफवाहपूर्ण सूचनाओं पर ध्यान न दें। किसी प्रकार की समस्या उत्पन्न होने पर तत्काल तहसील प्रशासन अथवा संबंधित विभाग को सूचित करें, ताकि उसका समय से निस्तारण किया जा सके।