के.के. मिश्रा, संवाददाता
बघौली(संत कबीर नगर)। जनपद में चल रहे सोशल ऑडिट के दौरान नियमों की अनदेखी किए जाने का मामला सामने आया है। विकासखंड बघौली के अंतर्गत ग्राम पंचायत भगवानपुर में सोशल ऑडिट टीम के बीआरपी द्वारा महज छह लोगों की मौजूदगी में ही ऑडिट की प्रक्रिया पूरी किए जाने का आरोप लगाया गया है।

मामले को लेकर जब संबंधित लोगों से पूछताछ की गई तो बताया गया कि रोजगार सेवक द्वारा दबाव बनाकर सोशल ऑडिट कराया जा रहा है। इससे सोशल ऑडिट की पारदर्शिता और उसकी प्रक्रिया पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
वहीं, ग्राम पंचायत भगवानपुर में ग्राम प्रधान द्वारा मेंड़बंदी के नाम पर सरकारी धन के दुरुपयोग किए जाने के आरोप भी लगाए गए हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि जिस कार्य के नाम पर सरकारी धन खर्च किया गया, उसकी वास्तविकता और गुणवत्ता की जांच सोशल ऑडिट के दौरान नहीं हो पा रही है।
अब सवाल यह है कि यदि सोशल ऑडिट जैसी महत्वपूर्ण प्रक्रिया को सीमित लोगों की मौजूदगी में ही पूरा कर लिया जाएगा, तो ग्रामीणों की सहभागिता और सरकारी योजनाओं में पारदर्शिता कैसे सुनिश्चित होगी? मामले में संबंधित अधिकारियों से जांच कर कार्रवाई की मांग की जा रही है।