•दवा वितरण केंद्र पर वार्डब्वॉय की कार्यप्रणाली पर सवाल, मरीज घंटों कतार में खड़े रहने को मजबूर।
रिपोर्ट: मनोज अग्रहरि।
मीरजापुर। जिला मंडलीय अस्पताल के दवा वितरण केंद्र पर अव्यवस्थाओं को लेकर मरीजों और तीमारदारों में नाराजगी है। आरोप है कि दवा वितरण केंद्र पर तैनात कुछ वार्डब्वॉय और कर्मचारियों द्वारा अपने रिश्तेदारों व जान-पहचान वालों को अंदर से दवा उपलब्ध करा दी जाती है, जबकि सामान्य मरीजों और तीमारदारों को लंबी कतार में लगने की नसीहत दी जाती है।
बताया जा रहा है कि दवा वितरण केंद्र पर एक दर्जन से अधिक वार्डब्वॉय एवं अन्य कर्मचारी तैनात होने के बावजूद मरीजों की भीड़ कम होने का नाम नहीं ले रही है। मरीजों का आरोप है कि स्टाफ के लोग स्वयं कतार में नजर नहीं आते और उनके परिचितों को भी लाइन से अलग होकर अंदर से दवा मिल जाती है।
आरोप है कि इमरजेंसी की स्थिति में दवा लेने पहुंचने वाले मरीजों या तीमारदारों को भी कई बार बाहर कतार में लगने के लिए कहा जाता है। वहीं, जान-पहचान वाले लोगों के लिए अंदर का रास्ता आसानी से खुल जाता है और उन्हें तत्काल दवा उपलब्ध करा दी जाती है।
मरीजों का यह भी आरोप है कि ड्यूटी के दौरान कुछ कर्मचारी एवं वार्डब्वॉय दवा वितरण व्यवस्था पर ध्यान देने के बजाय अंदर बैठकर आपस में बातचीत और बैठकबाजी में व्यस्त रहते हैं। इससे दवा लेने के लिए आने वाले मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
मरीजों ने अस्पताल प्रशासन से दवा वितरण व्यवस्था में पारदर्शिता सुनिश्चित करने, सभी के लिए समान व्यवस्था लागू करने तथा ड्यूटी के दौरान कर्मचारियों की कार्यप्रणाली की निगरानी कराने की मांग की है। वहीं, पूरे मामले में अस्पताल प्रशासन का पक्ष सामने आने के बाद स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी।