श्मशान घाट नहीं, बारिश में रास्ता भी बेहाल, 10 गांवों के ग्रामीण परेशान।

Vijaydoot News

आंवला सुल्तानपुर यौरा में जलभराव से अंतिम संस्कार तक पहुंचना मुश्किल, शिकायतों के बाद भी नहीं हुआ समाधान

मथुरा। फरह ब्लॉक क्षेत्र के थाना रिफाइनरी अंतर्गत गांव आंवला सुल्तानपुर यौरा में श्मशान घाट की सुविधा नहीं होने के कारण ग्रामीणों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बारिश के मौसम में श्मशान घाट तक जाने वाले रास्ते पर जलभराव होने से आवागमन भी मुश्किल हो गया है।

ग्रामीणों के अनुसार, संबंधित श्मशान स्थल पर आसपास के करीब 10 गांवों के लोग अंतिम संस्कार के लिए पहुंचते हैं। इसके बावजूद श्मशान घाट का निर्माण और वहां तक पहुंचने के लिए पक्के रास्ते की व्यवस्था नहीं होने से ग्रामीणों को परेशानी उठानी पड़ रही है।

समस्या के समाधान के लिए रवि बघेल ने करीब एक सप्ताह पूर्व मुख्यमंत्री जनसुनवाई पोर्टल पर श्मशान घाट निर्माण, पक्के रास्ते सहित 15 मांगों को लेकर शिकायत दर्ज कराई है। ग्रामीणों का कहना है कि इससे पहले भी इस समस्या को लेकर शिकायतें की जा चुकी हैं, लेकिन अब तक श्मशान घाट का निर्माण नहीं कराया गया और न ही रास्ते को पक्का किया गया।

बारिश के दिनों में रास्ते पर पानी भरने से समस्या और गंभीर हो जाती है। ऐसे में ग्रामीणों को अंतिम संस्कार के लिए भी जलभराव वाले रास्ते से होकर गुजरना पड़ता है। ग्रामीणों का कहना है कि श्मशान घाट और पक्के रास्ते जैसी मूलभूत सुविधाओं के लिए लंबे समय से मांग की जा रही है, लेकिन अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।

ग्रामीणों ने प्रशासन और ग्राम पंचायत से श्मशान घाट के लिए आवश्यक भूमि एवं निर्माण की व्यवस्था कराने तथा जलभराव वाले रास्ते को दुरुस्त कर पक्का निर्माण कराने की मांग की है। साथ ही संबंधित अधिकारियों से मौके का स्थलीय निरीक्षण कर समस्या का शीघ्र समाधान कराने की अपील की है।

ग्रामीणों का सवाल है कि आखिर बारिश में जलभराव और श्मशान घाट जैसी मूलभूत सुविधा के लिए उन्हें कब तक इंतजार करना पड़ेगा। उन्होंने प्रशासन से जल्द कार्रवाई की मांग की है।