रिपोर्ट: विजय नागपाल।
बलदेव (मथुरा)। निपुण भारत मिशन के तहत गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और बुनियादी साक्षरता एवं संख्यात्मक ज्ञान को मजबूत बनाने के उद्देश्य से विकासखंड बलदेव के प्राथमिक विद्यालय अरतौनी में एआरपी (एकेडमिक रिसोर्स पर्सन) गीता रावत ने सपोर्टिव सुपरविजन किया। इस दौरान उन्होंने विद्यालय में संचालित शैक्षणिक गतिविधियों का अवलोकन कर शिक्षकों को निपुण लक्ष्य समयबद्ध ढंग से प्राप्त करने के लिए आवश्यक सुझाव दिए।
निरीक्षण के दौरान विद्यालय में स्कूल रेडीनेस मेले का उत्साहपूर्ण आयोजन किया गया। मेले में बच्चों ने भाषा, गणित, कला, विज्ञान, टीएलएम, खेल आधारित शिक्षण तथा रचनात्मक गतिविधियों से संबंधित विभिन्न स्टॉल लगाकर अपनी सीखने की उपलब्धियों और प्रतिभा का प्रदर्शन किया। अभिभावकों ने भी बच्चों की प्रस्तुतियों की सराहना करते हुए विद्यालय की शैक्षणिक गतिविधियों की प्रशंसा की।
एआरपी गीता रावत ने कक्षा शिक्षण, छात्र उपस्थिति, निपुण भारत मिशन के लक्ष्यों, टीएलएम के प्रभावी उपयोग तथा गतिविधि आधारित शिक्षण का निरीक्षण किया। उन्होंने शिक्षकों से प्रत्येक बच्चे की सीखने की प्रगति का नियमित आकलन करने, कमजोर विद्यार्थियों के लिए विशेष सहयोगात्मक शिक्षण योजना बनाने तथा विद्यालय में आनंददायी शिक्षण वातावरण बनाए रखने पर जोर दिया।
उन्होंने कहा कि निपुण भारत मिशन का उद्देश्य केवल बच्चों को पढ़ाना नहीं, बल्कि उन्हें भाषा और गणित की बुनियादी दक्षताओं में सक्षम बनाना है। यदि विद्यालय, शिक्षक और अभिभावक मिलकर प्रयास करें तो प्रत्येक बच्चे को निपुण बनाया जा सकता है। विद्यालय परिवार ने एआरपी द्वारा दिए गए सुझावों के अनुरूप शिक्षण व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने का संकल्प लिया।