रिपोर्ट: विजय नागपाल।
मथुरा। अखिल भारतीय फार्मासिस्ट एसोसिएशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष शशि भूषण सिंह के निर्देशन तथा राष्ट्रीय सचिव डॉ. राजाराम गंगवार एवं उत्तर प्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष शिव कुमार के नेतृत्व में एसोसिएशन के एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल ने माननीय वन, पर्यावरण संरक्षण, जन्तु उद्यान एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री (स्वतंत्र प्रभार), उत्तर प्रदेश सरकार डॉ. अरुण कुमार सक्सेना से उनके कार्यालय में शिष्टाचार मुलाकात की। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल ने प्रदेश के फार्मासिस्टों के हितों और उनकी लंबे समय से लंबित समस्याओं के संबंध में एक विस्तृत मांग पत्र सौंपा।
प्रतिनिधिमंडल की बातों को बेहद गंभीरता से सुनते हुए मंत्री डॉ. अरुण कुमार सक्सेना ने उपमुख्यमंत्री एवं स्वास्थ्य मंत्री को पत्र जारी कर एसोसिएशन के मांग पत्र को मूल रूप में संलग्न करते हुए फार्मासिस्टों के हितों को ध्यान में रखकर समुचित आदेश पारित करने का सहृदय अनुरोध किया है।
मांग पत्र में 9 सूत्रीय मांगें शामिल हैं। उत्तर प्रदेश में फार्मासिस्ट के रिक्त पदों पर तत्काल भर्ती करने,उपकेंद्रों पर फार्मासिस्ट के पद सृजित करते हुए नियुक्ति करने,फार्मेसी प्रैक्टिस एंड रेगुलेशन एक्ट (2015) को कोर्ट द्वारा आदेश का अनुपालन कराया जाने, होलसेल दवा व्यवसाय में फार्मासिस्ट की अनिवार्यता करने, शेड्यूल के को समाप्त करते हुए हर जगह दवा का वितरण, भंडारण एवं रख रखाव सिर्फ फार्मासिस्ट से कराये जाने,सी.एच.ओ. की भर्ती के लिए ब्रिज कोर्स कराकर फार्मासिस्ट की नियुक्ति करने, सभी फार्मेसी पर फार्मासिस्ट की भौतिक उपस्थिति अनिवार्य करने, फार्मेसी लाइसेंस के लिए फार्मासिस्ट का आधार संबंधित जिले का होना अनिवार्य किया जाए।ऑनलाइन फार्मेसी (दवा वितरण) को प्रतिबंधित करने जैसी मांगें शामिल हैं।
इस अवसर पर एसोसिएशन के प्रदेश महासचिव विष्णु यादव, हर्षित अग्रवाल सहित कई वरिष्ठ पदाधिकारी, कार्यकारिणी सदस्य और सक्रिय कार्यकर्ता प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।

