सैनिक को इन्साफ की जगह थानेदार से मिली जेल भेज देने की धमकी।

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अदालत का आदेश नहीं मानते मुण्डेरवा थानाध्यक्ष
राइफलमैन कृष्णा गोपाल ने जमीन मामले में  प्रशासन से लगाया न्याय की गुहार

बस्ती। देश की रक्षा के लिये सरहद पर तैनात सेना के जवान को भी न्याय नहीं मिल पा रहा है। उल्टे मुण्डेरवा के थानाध्यक्ष प्रदीप सिंह ने सैनिक राइफलमैन कृष्णा गोपाल  से कहा कि हम अदालत का स्थगन आदेश नहीं मानेंगे, अगर आपने हस्तक्षेप किया तो जेल भेज दिया जायेगा। सैनिक ने अपने माता-पिता के साथ उच्चाािकारियों को पत्र देकर न्याय की गुहार लगाा है।

सैनिक राइफलमैन कृष्णा गोपाल के पिता आशाराम ने मुख्यमंत्री, उप जिलाधिकारी, पुलिस अधीक्षक को पत्र देकर कहा है कि वे मुण्डेवा थाना क्षेत्र के दिक्तौली के निवासी हैं। उनके गाटा सं० 39 पर न्यायालय द्वारा स्थगन आदेश   पारित किया गया है कि इस गाटे में शान्तिपूर्ण कब्जे में किसी प्रकार का हस्ताक्षेप न करें उसके बाद भी गांव के ही सहदेव पुत्र सोमई व बन्टी पुत्र रामजगत व दलित  समुदाय के लोग मेड बन्दी के पार होकर उनकी जमीन पर कब्जा करना चाहते हैं।

समस्या के समाधान के लिये मुण्डेरवा थाना सम्पूर्ण समाधान दिवस में सैनिक राइफलमैन कृष्णा गोपाल अपने पिता आशाराम के साथ गये थे, जब उन्होंने अपनी बात लेखपाल स्वेता सिंह, कानूनगो अरविन्द और एस०एच०ओ० प्रदीप सिंह को बताया उन्होने बताया कि आपका स्थगन आदेश हम नही मानेंगे और अगर आप इसमें हस्तक्षेप करते हैं तो आपके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जेल भेज देंगे। थानाध्यक्ष प्रदीप सिंह ने  कोर्ट के आदेश को मानने से साफ.साफ इनकार कर दिया। 

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  • Pawan Rastogi

    पवन कुमार रस्तोगी पिछले पाँच वर्षों से अधिक समय से पत्रकारिता एवं डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं और वर्तमान में न्यूज़ पोर्टल में एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। इन्होंने एम.ए., बीएड, पत्रकारिता तथा एलएलबी की शिक्षा प्राप्त की है। इसके अतिरिक्त कंप्यूटर क्षेत्र में एडीसीए तथा कला के क्षेत्र में बॉम्बे आर्ट जैसे पाठ्यक्रम भी पूर्ण किए हैं।
    समाचार लेखन, संपादन, जनसरोकार से जुड़े विषयों और डिजिटल पत्रकारिता में उनकी विशेष रुचि है। निष्पक्ष, तथ्यपरक और प्रभावशाली पत्रकारिता उनकी कार्यशैली की प्रमुख विशेषता है। वे सामाजिक, राजनीतिक, शैक्षिक एवं जनहित से जुड़े मुद्दों को सरल, सटीक और विश्वसनीय ढंग से पाठकों तक पहुँचाने के लिए निरंतर कार्यरत हैं।

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